*क्राइम खुलासा न्यूज़*
बहराइच से मण्डल संवावदाता वृजेन्द्र गोस्वामी की रिपोर्ट
बहराइच 25 फरवरी। मा. उपाध्यक्ष नीति आयोग भारत सरकार डाॅ. राजीव कुमार ने निदेशक नीति आयोग अनामिका सिंह, वरिष्ठ सलाहकार एसोशिएशनल डिस्ट्रिक्ट प्रोग्राम रामा कामा राजू, अपर निजी सचिव शिवम तेवतिया के साथ कलेक्ट्रेट सभागार में जिले के अधिकारियों के साथ आयोजित बैठक में नीति आयोग द्वारा आकांक्षात्मक जनपदों के लिए निर्धारित प्रमुख सूचकांकों शिक्षा, स्वास्थ्य एवं पोषण, वित्तीय समायोजन, कौशल विकास, इन्फ्रास्ट्रक्चर एवं कृषि सेक्टर इत्यादि की समीक्षा करते हुए इस बात पर संतोष व्यक्त किया कि जनपद में सभी सेक्टरों में उल्लेखनीय सुधार हुआ और कराये गये कार्य धरातल पर दिख रहे हैं। जिससे पता चलता है कि सभी अधिकारी पूरी ऊर्जा के साथ जिलाधिकारी शम्भु कुमार के नेतृत्व में टीम भावना के साथ कार्य कर रहे हैं।
सूचकांकवार समीक्षा के दौरान जिलाधिकारी ने बताया कि स्वास्थ्य एवं पोषण सेक्टर में सुधार हेतु प्राथमिक स्वास्थ्य सेन्टरों को अपग्रेड किया गया तथा उप स्वास्थ्य केन्द्रों को मिशन कायाकल्प के तहत उपकरणों एवं मैनपावर से सुसज्जित कर सभी जगहों पर संस्थागत प्रसव की सुविधा प्रदान की जा रही है। जिससे मातृ शिशु मृत्यु दर में कमी आयी है। इसके अलावा जिले के आॅगनबाड़ी केन्द्रों पर वी.एच.एस.एन.डी. दिवस का आयोजन कर गर्भवती व धात्री महिलाओं तथा बच्चों के स्वास्थ्य जाॅच, टीकाकरण व पुष्टाहार का नियमित वितरण कराया जा रहा है। जिले के समस्त सामुदायिक स्वास्थ्य केन्द्रों पर मुख्यमंत्री सुपोषण घरों का संचालन किया जा रहा है। स्वास्थ्य वर्करों में स्किल डेवलपमेन्ट हेतु निरन्तर प्रयास किये जा रहे हैं। सी.एच.सी. पर आने वाले मरीज़ों एवं तीमारदारों को किसी प्रकार की असुविधा न हो इसके लिए स्वयं सहायता समूहों के माध्यम से प्रेरणा कैन्टीन का संचालन किया जा रहा है।
जिलाधिकारी श्री कुमार ने बताया कि जिले में स्वास्थ्य एवं पोषण के क्षेत्र में सुधार के लिए कई प्रकार के अभिनव प्रयोग किये गये जिनके अच्छे परिणाम सामने आये हैं। श्री कुमार ने बताया कि भूमि की उपलब्धता के दृष्टिगत जिले के 602 आॅगनबाड़ी केन्द्रों पर पोषण वाटिका विकसित की गयी है। इसके अलावा मा. मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ जी की पहल पर अतिकुपोषित परिवारों को गोदान भी किया गया है। स्वास्थ्य, पोषण एवं स्वच्छता के प्रति लोगों में जनजागरूकता लाये जाने हेतु माता बैठक, समुदाय आधारित गतिविधियाॅ, पोषण बैठक व रैली संचालित की जा रहीं हैं। शिक्षा के क्षेत्र में सुधार हेतु मिशन कायाकल्प अन्तर्गत स्कूलों का सुदृढ़ीकरण एवं सौन्दर्यीकरण किया जा रहा है। इसके अलावा श्री कुमार द्वारा अन्य सूचकाॅकों अन्तर्गत संचालित गतिविधियों के बारे में भी जानकारी प्रदान की गयी।
बैठक के दौरान डाॅ. राजीव कुमार ने सभी अधिकारियों का आहवान किया कि इसी प्रकार उत्साह के साथ कार्य करते हुए जनपद को वर्ष 2024 से पूर्व आकांक्षात्मक जिले की श्रेणी से बाहर लाने का प्रयास करें। डाॅ. कुमार ने कहा कि बैठक से पूर्व स्थलीय निरीक्षण के दौरान देखने में आया है कि जनपद की तस्वीर बदली-बदली सी है। पहले के मुकाबले काफी बदलाव आया है और नीति आयोग की योजनाओं को धरातल पर लागू करने में अधिकारियों में काफी उत्साह है। जिससे उन्हें आशा ही नहीं पूर्ण विश्वास है कि जनपद वर्ष 2024 तक आकांक्षात्मक जनपद के टैग से मुक्त हो जायेगा। मा. उपाध्यक्ष ने कहा कि बाॅस उत्पादन के लिए जनपद की जलवायु अनुकूल है। यहाॅ पर अच्छी क्वालिटी के बाॅसों तथा बाॅस आधारित प्रोडक्ट के लिए अच्छी संभावनाएं हैं। इसको ध्यान में रखते हुए मेरा प्रयास होगा कि जिले में अच्छी प्रजाति के बाॅसों की नर्सरी की स्थापना के साथ-साथ बाॅस क्षेत्र का विस्तार और विकास हो।
मा. उपाध्यक्ष ने सुझाव दिया कि किसानों को जैविक एवं प्राकृतिक खेती के लिए प्रेरित एवं उत्साहित किया जाय। साथ ही इस बात का प्रयास किया जाय कि प्रत्येक ब्लाक में जैविक खेती करने वाले किसान को चिन्हित कर उन्हें रोल माॅडल के रूप में पहचान दिलायें जिससे दूसरे किसान भी जैविक खेती को अपनायें। उन्होंने यह भी सुझाव दिया कि किसानों को खेती किसानी के साथ-साथ कृषि आधारित अन्य व्यवसायों के लिए भी प्रेरित करें ताकि उनकी आय में गुणात्मक सुधार हो सके।
इस अवसर पर मुख्य विकास अधिकारी कविता मीना, उप जिलाधिकारी सदर सौरभ गंगवार आईएएस, नानपारा के सूरज पटेल आईएएस, सीएमओ डाॅ. राजेश मोहन श्रीवास्तव, डीडीओ राजेश कुमार मिश्र, पीडी डीआरडीए अनिल कुमार सिंह, सी.वी.ओ. डाॅ. बलवन्त सिंह, डी.डी. एग्री डाॅ. आर.के. सिंह, डी.आई.ओ.एस. राजेन्द्र कुमार पाण्डेय सहित अन्य सम्बन्धित अधिकारी मौजूद रहे।