"पाठ 2 मनरेगा में ग्रामीण मजदूरों को नहीं मिल रहा रोज़गार पंचायत सचिव कार्यों में लगा रहे मशीन"
*कैलारस/अमन परमार*
कैलारस जनपद पंचायत की ग्राम पंचायत बूटसिथरा से एक बड़ी खबर निकल कर आई थी जिसकी खबर 15/6/21 में प्रकशित हुई लेकिन उसके बावजूद भी नही हुआ निराकरण *समस्या* मनरेगा निर्माण कार्य में लगाई जेसीबी बताया जा रहा है कि सचिव एवं सहायक सचिव की मिलीभगत से यह जेसीबी लगाई गई है हालांकि ग्रामीण मजदूरी के लिए दर-दर की ठोकरें खा रहे हैं तो दूसरी तरफ़ पंचायत सचिव भगवान सिंह धाकड़ सरकार की गाइडलाइन की धज्जियां उड़ाते नजर आ रहे एक तरफ़ सीएम शिवराज सिंह चौहान अपनें भांजों के लिए अपनी ही पंचायत में मनरेगा का कार्य स्वीकृत कर रहे तो वहीं दूसरी तरफ पंचायत के भ्रष्ट सचिव मनरेगा में मशीन लगाकर मजूदरों के फर्ज मस्टर बनवाकर पैसो को सीधे अपनी तिजोरी में डाल रहे हैं " और वहीं ग्रामीणों का साफ तौर पर कहना है कि हमें मजदूरी की आवश्यकता है लेकिन सचिव एवं सहायक सचिव हमें मजदूरी पर नहीं लगाते हैं तो और वहीं दूसरी तरफ गांव में चल रहे निर्माण कार्य पूरी घटिया किस्म का किया जा रहा है जिसमें सीमेंट के साथ-साथ मिट्टी भी देखने को मिली है और दूसरी तरफ वन विभाग की एसडीओ श्रद्धा पांडे लगाता रेत माफिया पर कार्रवाई कर रही है तो वहीं दूसरी तरफ बूट सिथरा पंचायत में रेत माफिया अवैध रेत उत्खनन कर सचिव एवं सहायक सचिव तक पहुंचा रहे हैं जिसने प्रशासन की ओर से अभी तक कोई कार्यवाही नहीं की गई हालांकि बताया जा रहा है कि प्रशासन को इसकी कानो कान खबर तक नहीं है
*दूसरे दिन भी जनपद सीईओ ईश्वर चंद्र वर्मा से संपर्क करने की कोशिश की लेकिन फोन रिसीव नहीं किया*
*इनका कहना है*
ग्राम पंचायत में मनरेगा के निर्माण कार्यों को जेसीबी से करवा रहे हैं और घटिया निर्माण कार्य चाय सीमेंटो यार रेता दोनों ही घटिया किस्म का प्रयोग कर रहे हैं जब हमने इसके बारे में सचिव को बोला तो उसके द्वारा हम पर दवा प्रेशर दवा प्रेशर डाला जाता है हमने इसकी शिकायत सीएम हेल्पलाइन पर भी की है लेकिन अभी तक कोई निराकरण नहीं हुआ *ग्रामीण भीकाराम धाकड़*